Lover

  • मैं नहीं लिख सकता

    मैं नहीं लिख सकता।मेरी दोस्त,मैं तुमपर कुछ नहीं लिख सकता।एक कविता लिखनी चाही थी, मैंनेजिसमें तुम होती, तुम्हारा जिक्र होता।…

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  • Photo of तिलिस्म-ए-झूठ

    तिलिस्म-ए-झूठ

    तिलिस्म-ए-झूठ, रचा मेरे आस-पास। पास है मेरी दोस्त, जान-ए-बहार की आस। आस है उसकी, जिसकी परछाई भी न पास। परछाई…

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